फुलवारीशरीफ में मजदूरों का उग्र प्रदर्शन
पटना (टीएचटी)l सुधा डेयरी में दूध सप्लाई से जुड़े चालक एवं उप चालक (खलासी) मजदूरों ने अपनी लंबित 9 सूत्री मांगों को लेकर रविवार को आक्रोशपूर्ण प्रदर्शन किया। सैकड़ों की संख्या में जुटे मजदूरों ने डेयरी प्रबंधन पर 10 माह से वार्ता नहीं करने और मांगों की अनदेखी का आरोप लगाया।
प्रदर्शन का आह्वान ऐक्टू से संबद्ध सुधा डेयरी, पटना जिला निजी वाहन चालक एवं कर्मचारी यूनियन ने किया था। इस दौरान मजदूरों ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए 4 लेबर कोड को रद्द करने की मांग उठाई।
प्रदर्शन जुलूस फुलवारीशरीफ प्रखंड कार्यालय, टमटम पड़ाव, भगत सिंह चौक और निचली बाजार होते हुए सुधा डेयरी मुख्य द्वार तक पहुंचा, जहां सभा आयोजित कर कार्यक्रम समाप्त किया गया।
सभा को संबोधित करते हुए यूनियन के राज्य सचिव सह अध्यक्ष रणविजय कुमार ने आरोप लगाया कि जून 2025 में सौंपे गए 9 सूत्री मांगपत्र पर प्रबंधन ने दो माह में समाधान का आश्वासन दिया था, लेकिन 10 माह बीतने के बाद भी न तो वार्ता हुई और न ही मांगें पूरी की गईं। उन्होंने कहा कि इससे मजदूरों में गहरा आक्रोश है।
उन्होंने प्रबंधन पर वितरकों के दबाव में काम करने और मजदूरों के शोषण का भी आरोप लगाया। साथ ही केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि 4 लेबर कोड के जरिए मजदूरों के अधिकारों को कमजोर करने की कोशिश की जा रही है।
यूनियन नेताओं ने बताया कि उनकी प्रमुख मांगों में न्यूनतम मजदूरी, ओवरटाइम भुगतान, साप्ताहिक व राष्ट्रीय अवकाश, पहचान पत्र, ईएसआई-ईपीएफ, दूध ओवरलोडिंग पर रोक, दुर्घटना मुआवजा तथा प्रत्येक रूट पर एक ही वितरक की व्यवस्था शामिल है।
मजदूर नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र वार्ता कर मांगें पूरी नहीं की गईं, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में मजदूर व यूनियन सदस्य मौजूद रहे।